




दोआबा न्यूज़लाइन


अमृतसर: किसान आज फिर से एक बार अपनी मांगों को लेकर रेल की पटरियों पर बैठ गए हैं। दरअसल किसान मजदूर मोर्चा ने कल ऐलान किया था कि अगर 17 सितम्बर दोपहर 12 बजे तक सरकार उनकी मांगों पर गौर नहीं करती तो 12 बजे वह रेल रोको आंदोलन शुरू कर देंगे।
वादे के अनुसार अमृतसर में आज 12 वजह से किसान रेल की पटरियों पर बैठ गए हैं और अपना आंदोलन शुरू कर दिया हैं। ।


मिली जानकारी के अनुसार किसानों ने देवीदासपुरा रेलवे ट्रैक पर धरना लगा दिया है। किसानों के आंदोलन के चलते ब्यास रेलवे स्टेशन पर भी शताब्दी एक्सप्रेस को रोका गया है। वहीं अमृतसर के अलावा गुरदासपुर, मोगा, फिरोजपुर, संगरूर पर भी किसानों का धरना चल रहा है। इस संबंध में आज किसान मजदूर मोर्चा के वरिष्ठ नेता सरवन सिंह पंधेर और अन्य वरिष्ठ नेताओं की आईजी बॉर्डर रेंज तथा अमृतसर के डिप्टी कमिश्नर के साथ बैठक चल रही है। बैठक में किसानों की मांगों और आंदोलन को लेकर बातचीत की जा रही है।
वहीं किसान मजदूर संघर्ष कमेटी ने फिरोजपुर के मलावाला रेलवे स्टेशन पर भी रेलवे ट्रैक जाम कर दिया हैं। इस दौरान प्रदर्शनकारी दोपहर 12 बजे से फिरोजपुर-जालंधर रेलवे लाइन पर धरने पर बैठे हैं, जिससे रेल यातायात प्रभावित हो रहा है। इस मौके पर कमेटी के पंजाब प्रधान सुखविंदर सिंह सभरा ने बताया कि यह प्रदर्शन किसानों और मजदूरों की लंबे समय से चली आ रही मांगों को लेकर किया जा रहा है। उन्होंने केंद्र और पंजाब किसानों की मांगों पर गौर करने और उनका हल निकलने की अपील की है।


पंजाब में किसान फिर कर सकते हैं रेल रोको आंदोलन, 17 सितम्बर 12 बजे तक का दिया अल्टीमेटम
पंजाब में फिर से एक बार किसान अपनी मांगों को लेकर रेलों का चक्का जाम करने वाले हैं। मिली जानकारी के अनुसार किसान मजदूर मोर्चा चैप्टर पंजाब ने अमृतसर में बुधवार को बैठक कर ये फैसला लिया है। किसान नेताओं का कहना है कि अगर 17 सितंबर को दोपहर 12 बजे तक सरकार की ओर से किसानों और मजदूरों की मांगों पर कोई ठोस फैसला नहीं लिया गया, तो इसके बाद पंजाब में अलग-अलग हिस्सों में रेल रोको आंदोलन शुरू किया जाएगा।
किसान मजदूर मोर्चा चैप्टर पंजाब ने बैठक कर किया रेल रोकने का ऐलान
किसान नेताओं के अनुसार पहले चरण में अमृतसर, गुरदासपुर, फिरोजपुर, मोगा, संगरूर और सुनाम समेत कई जगहों पर रेल यातायात रोकने का कार्यक्रम तय है। इसके साथ ही पंजाब सरकार के मंत्रियों के घरों के बाहर लगाए जा रहे धरने भी साथ ही साथ चलते रहेंगे। इसके साथ ही किसान नेताओं ने यह भी कहा कि पटियाला में मंत्री के घर के बाहर चल रहा धरना तीसरे दिन में प्रवेश कर चुका है।
किसान नेताओं ने बताया कि करीब एक महीने पहले पंजाब के मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर उनको अपनी मांगों से अवगत कराया गया था। इसके साथ ही 31 अगस्त को डिप्टी कमिश्नर कार्यालयों के बाहर भी धरने दिए गए थे, लेकिन उनके मुताबिक सरकार की ओर से किसानों से बातचीत नहीं की गई।



