Home जालंधर दूध के रेट बढ़ाने की मांग पर डेयरी संचालक अड़े, तीसरे दिन भी हड़ताल, दो दिन में 2 लाख लीटर दूध बाहर भेजने का दावा

दूध के रेट बढ़ाने की मांग पर डेयरी संचालक अड़े, तीसरे दिन भी हड़ताल, दो दिन में 2 लाख लीटर दूध बाहर भेजने का दावा

by Doaba News Line

दोआबा न्यूज़लाइन

जालंधर/जमशेर: दूध के खरीद रेट में बढ़ोतरी की मांग को लेकर जमशेर और नहला डेयरी कॉम्प्लेक्स से जुड़े डेयरी संचालकों का आंदोलन बुधवार को तीसरे दिन भी जारी रहा। डेयरी संचालकों ने साफ किया है कि जब तक उनकी मांगों पर सहमति नहीं बनती, तब तक विरोध जारी रहेगा। आंदोलन के बीच संचालकों ने दावा किया कि पिछले दो दिनों में करीब 2 लाख लीटर दूध पंजाब से बाहर दूसरे राज्यों में भेजा गया है।

पंजाब से बाहर भेज रहे दूध की सप्लाई

देव डेयरी के संचालक मनप्रीत सिंह मंगू और उनके साथ जुड़े डेयरी संचालकों का कहना है कि पंजाब में दूध की सप्लाई को लेकर जिस तरह की स्थिति बनने की बात कही जा रही थी, उसके बावजूद वे लगातार दूध दूसरे राज्यों में भेज रहे हैं। उनका दावा है कि दो दिनों में करीब 2 लाख लीटर दूध पंजाब से बाहर भेजा जा चुका है और आने वाले दिनों में भी सप्लाई जारी रह सकती है।

शहर में दूध की उपलब्धता को लेकर उठाए सवाल

डेयरी संचालकों ने शहर में दूध की उपलब्धता को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। उनका कहना है कि यदि स्थानीय स्तर पर डेयरी संचालकों की ओर से दूध की सप्लाई प्रभावित है और बड़ी मात्रा में दूध दूसरे राज्यों को भेजा जा रहा है, तो बाजार में दूध की उपलब्धता सामान्य कैसे बनी हुई है। इसी आधार पर उन्होंने बाजार में बिकने वाले दूध की गुणवत्ता की जांच की मांग उठाई है।

मिलावट के दावे की जांच की मांग

डेयरी संचालकों ने आरोप लगाया कि बाजार में उपलब्ध दूध के नमूनों की जांच करवाई जानी चाहिए, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि उपभोक्ताओं तक पहुंचने वाला दूध निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप है या नहीं। हालांकि, बाजार में नकली या मिलावटी दूध की सप्लाई होने का दावा डेयरी संचालकों का है और इसकी स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।

पहले से विभाग तक पहुंच चुके हैं सैंपल

डेयरी संचालकों के अनुसार पिछले कुछ दिनों में संदिग्ध दूध से जुड़े दो सैंपल स्वास्थ्य/खाद्य सुरक्षा विभाग तक पहुंचाए गए हैं। उनका कहना है कि इन नमूनों की जांच रिपोर्ट और विभाग की कार्रवाई को सार्वजनिक किया जाना चाहिए। इससे दूध की गुणवत्ता को लेकर चल रही चर्चाओं की वास्तविक स्थिति सामने आ सकेगी।

समझौते के बिना आंदोलन खत्म नहीं करने की बात

डेयरी संचालकों ने कहा कि उनका मुख्य मुद्दा दूध के खरीद रेट में बढ़ोतरी है। उनका कहना है कि संबंधित डेयरी से रेट बढ़ाने को लेकर जब तक सहमति नहीं बनती और लिखित अथवा औपचारिक समझौता नहीं होता, तब तक आंदोलन जारी रखा जाएगा। संचालकों ने संकेत दिया कि मांग पूरी होने तक दूध की सप्लाई को लेकर उनका मौजूदा रुख बरकरार रहेगा।

खाद्य सुरक्षा विभाग की भूमिका पर भी नजर

हड़ताल के कारण दूध की सप्लाई और बाजार में उपलब्ध दूध की गुणवत्ता को लेकर उठे सवालों के बीच अब खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्रवाई पर नजर है। यदि संदिग्ध दूध के सैंपल विभाग के पास पहुंचे हैं तो उनकी जांच रिपोर्ट से स्थिति स्पष्ट हो सकती है। वहीं, डेयरी संचालकों की ओर से लगाए गए मिलावट के आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही संभव होगी।

मौके पर ये लोग रहे मौजूद

आंदोलन के दौरान मनजीत सिंह, मनप्रीत सिंह मंगू, संजय कपूर, बलदेव कपूर, मोनू चोपड़ा, साहिब चहल, भूपिंदर चेम्मा, अमनदीप सिंह, हरदीप काहलों, राकेश कुमार, अजीत घुम्मण, राहुल खुराना, गगन और हनी जैन समेत अन्य डेयरी संचालक और किसान प्रतिनिधि मौजूद रहे।

 

 

You may also like

Leave a Comment