
दोआबा न्यूज़लाइन
जालंधर: Apeejay Institute of Management & Engineering Technical Campus के उद्यमिता विकास प्रकोष्ठ द्वारा विद्यार्थियों में व्यावसायिक सुदृढ़ता की भावना विकसित करने के उद्देश्य से ‘रिवाइव एंड सर्वाइव’ शीर्षक से एक ज्ञानवर्धक एवं प्रेरक गतिविधि का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की जानकारी संस्थान के निदेशक डॉ. राजेश बग्गा ने दी।
इस गतिविधि का उद्देश्य विद्यार्थियों के विश्लेषणात्मक तथा समस्या-समाधान कौशल को सुदृढ़ करना था, ताकि वे प्रबंधन के क्षेत्र में आने वाली वास्तविक व्यावसायिक चुनौतियों का प्रभावी समाधान खोज सकें। प्रतियोगिता के अंतर्गत प्रतिभागियों को असफल या संघर्षरत व्यवसायों के अध्ययन प्रस्तुत करने तथा उनके पुनरुद्धार की व्यवहारिक रणनीतियां सुझाने का अवसर प्रदान किया गया। इससे विद्यार्थियों को सैद्धांतिक ज्ञान को व्यवहारिक संदर्भ में लागू करने का अनुभव मिला।

डॉ. बग्गा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि असफलता किसी भी व्यावसायिक यात्रा का अंत नहीं होती, बल्कि यह नवाचार और विकास की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियां विद्यार्थियों में रणनीतिक सोच, परिस्थितियों के अनुरूप स्वयं को ढालने की क्षमता और चुनौतियों को अवसरों में परिवर्तित करने की दक्षता विकसित करती हैं। उन्होंने अनुभवात्मक शिक्षण को आत्मविश्वासी एवं सक्षम भावी उद्यमियों के निर्माण के लिए अत्यंत आवश्यक बताया।
कार्यक्रम में प्रबंधन वर्ग के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। एमबीए द्वितीय सेमेस्टर के मनवीर और जिशमन ने उत्कृष्ट विश्लेषणात्मक क्षमता एवं रणनीतिक प्रस्तुति के आधार पर प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं बीबीए छठे सेमेस्टर की अर्चिता और वाताश ने प्रभावशाली पुनरुद्धार योजनाएं प्रस्तुत कर द्वितीय स्थान हासिल किया।

‘रिवाइव एंड सर्वाइव’ गतिविधि ने विद्यार्थियों में उद्यमशील दृष्टिकोण को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ रचनात्मकता, टीम भावना और समालोचनात्मक निर्णय क्षमता को भी सशक्त किया। कार्यक्रम का समापन उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ, जिसने नवाचार, नेतृत्व और उद्यमिता को बढ़ावा देने के संस्थान के संकल्प को और अधिक मजबूत किया।
