Home जालंधर अधिक मास 2026: जानिए मलमास की तिथि, महत्व और उपाय

अधिक मास 2026: जानिए मलमास की तिथि, महत्व और उपाय

by Doaba News Line

दोआबा न्यूज़लाइन

धर्म: अधिक मास जिसे मलमास या पुरुषोत्तम मास भी कहते हैं- हिन्दू चन्द्र कैलेंडर में एक अतिरिक्त महीना होता है जो सूर्य वर्ष और चन्द्र वर्ष के बीच संतुलन बनाये रखने के लिए हर कुछ समय बाद आता है।

अधिक मास 2026 की तिथि: अधिक मास 17 मई 2026 से 15 जून तक रहेगा। इस दौरान हिंदू पंचांग के अनुसार ‘ज्येष्ठ’ मास दो बार आता है- एक सामान्य ज्येष्ठ और दूसरा अधिक ज्येष्ठ- जिससे साल 12 महीनों की जगह 13 महीनों का हो जाता है।

* अर्थ और महत्व
इसे अधिक मास, मलमास या पुरुषोत्तम मास कहा जाता है। यह महीना भगवान विष्णु को समर्पित माना जाता है और इस मास में पूजा-पाठ, दान-पुण्य, मंत्र-जप, व्रत, तीर्थ यात्रा आदि के लिए बहुत शुभ माना जाता है। परंपरा के अनुसार इस मास में शुभ कार्य (जैसे विवाह, गृह प्रवेश आदि) टालने की सलाह दी जाती है, क्योंकि इसका मुख्य उद्देश्य कैलेंडर का संतुलन बनाना है।

अधिक मास (पुरुषोत्तम मास) में किए जाने वाले प्रमुख उपाय: यह मास भगवान विष्णु/श्रीकृष्ण को अत्यंत प्रिय माना जाता है। इसमें किए गए साधारण उपाय भी विशेष फल देते हैं।


 

* करने योग्य ये उपाय

* 1. विष्णु-पूजन: प्रतिदिन श्री विष्णु या श्रीकृष्ण की पूजा करें

तुलसी पत्र, पीले फूल, पंचामृत अर्पित करें

दीपक में घी या तिल का तेल जलाएँ

* 2. मंत्र-जप
ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” विष्णु सहस्रनाम का पाठ (नित्य या सप्ताह में एक बार) माला से 108 जप श्रेष्ठ माना जाता है

* 3. धार्मिक ग्रंथों का पाठ
श्रीमद्भागवत गीता

श्रीमद्भागवत पुराण

रामचरितमानस का पाठ

* 4. व्रत और सात्विक आहार
एकादशी, गुरुवार या सोमवार का व्रत

सात्त्विक भोजन (फल, दूध, सब्जी)

यथासंभव नमक, प्याज-लहसुन से परहेज

* 5. दान-पुण्य

गरीबों को अन्न, वस्त्र, जल, छाता, जूते दान

ब्राह्मण या जरूरतमंद को पीले वस्त्र, चने की दाल, गुड़

गौ-सेवा और गौ-दान अत्यंत शुभ

* 6. सेवा और संयम
माता-पिता व गुरु की सेवा

क्रोध, अहंकार और नकारात्मक वाणी से बचें

सत्य और धर्म का पालन

*इस मास में क्या न करें

विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश जैसे मांगलिक कार्य

नया व्यापार या बड़ा शुभ आरंभ

तामसिक भोजन, नशा, हिंसा

* विशेष फल
कहा जाता है कि

अधिक मास में किया गया पुण्य कई गुना फल देता है और जीवन के कष्ट, पाप व ग्रह दोष धीरे-धीरे शांत होते हैं।

यदि आप चाहें तो मैं
राशि अनुसार उपाय,
घर-परिवार की शांति के लिए विशेष साधना,
या एक सरल 30-दिन का पुरुषोत्तम मास व्रत-प्लान भी बता सकती हूँ।

एस्ट्रोलॉजर रितिका मरवाहा , मोबाइल नंबर : 7986811800

 

 

 

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