दोआबा न्यूज़लाइन
कर्मचारी को बचाते हुए धूरी के SHO झुलसे





संगरूर/जालंधर: पंजाब भर में आज रोडवेज कर्मचारी हड़ताल पर हैं। सरकारी बस कर्मचारियों ने आज पंजाब भर में बसें न चलाने का ऐलान किया है। सुबह से कर्मचारी बस अड्डे बंद कर हड़ताल पर बैठे हुए हैं। वहीं कई जिलों में तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई है। कई जगह से पुलिस और कर्मचारियों की झड़प की ख़बरें भी सामने आ रही है। इसी कड़ी में संगरूर से एक बड़ी अपडेट आ रही है बताया जा रहा है कि संगरूर में धरना प्रदर्शन के दौरान एक रोडवेज मुलाजिम ने पेट्रोल डालकर खुद को आग लगा ली , लेकिन वहां मौजूद पुलिस कर्मचारियों किसी तरह उसे बचा लिया। वहीं खबर यह भी है कि कर्मचारी को बचाने के चक्कर में धूरी के SHO भी झुलस गए। जिसके बाद पुलिस कर्मचारियों ने उन्हें इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया।
वहीं कहा यह भी जा रहा है कि लुधियाना में रोडवेज मुलाजिम बस स्टैंड पर पानी की टंकी पर चढ़ गया। उसे नीचे उतरने के लिए कहा गया तो मुलाजिम ने कहा कि पंजाब सरकार के हाथों मरने से अच्छा, ऐसे ही मर जाएं। इस दौरान कर्मचारी लगातार पंजाब सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए नजर आए। इस दौरान टंकी के नीचे काफी कर्मचारी इकट्ठा हो गए, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हटाने की कोशिश की तो कर्मचारियों की पुलिसकर्मियों के साथ झड़प हो गई।
वहीं मानसा के बुढलाडा से भी 3 कर्मचारी पेट्रोल की बोतल लेकर पानी की टंकी पर चढ़ गए। उन्होंने कहा कि सरकार ने अगर किलोमीटर स्कीम टेंडर का फैसला न बदला तो वे खुद को आग लगा लेंगे। कहा यह भी जा रहा है की हड़ताल खत्म होने से पहले पटियाला में भी पुलिस और रोडवेज मुलाजिमों में झड़प हुई। पुलिस ने कई मुलाजिमों को हिरासत में लिया।
जालंधर में आज नहीं चलेंगी बसें, धरने पर बैठे बस कर्मचारी, पढ़ें खबर…
जालंधर सहित पंजाब भर में आज पंजाब रोडवेज और PRTC बस कर्मचारियों ने हड़ताल का ऐलान किया है। इस हड़ताल के चलते जालंधर के साथ -साथ पंजाब भर में कर्मचारियों ने बस अड्डे पूरी तरह बंद कर दिए हैं। वहीं बस स्टैंड बंद होने के चलते आज यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

मिली जानकारी के अनुसार यह हड़ताल कर्मचारियों द्वारा बीती रात यूनियन के नेताओं की हुई गिरफ़्तारी के विरोध में की है। इस दौरान
कच्चे कर्मचारियों ने यूनियन के नेताओं की चंडीगढ़ में गिरफ़्तारी और किलोमीटर बसों का टेंडर रद्द न करने के विरोध में सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी की। बताया जा रहा है कि अभी प्राइवेट बसों को भी बस अड्डे के अंदर प्रवेश नहीं करने दिया जा रहा है। वहीं रोडवेज की बसों को भी डिपो में खड़ा कर दिया गया है। जबकि प्राइवेट बसें बस स्टैंड के बाहर से चल रही हैं और वहीं पर सवारियां उतार रही हैं।
इस संबंध में जानकारी देते हुए यूनियन नेता नछतर सिंह और विक्रमजीत सिंह ने कहा कि पिछले दो महीने के अंदर वे तीसरी बार धरना लगा चुके हैं। लेकिन इस बार उनकी यह हड़ताल अनिश्चितकालीन तक रहेगी। उन्होंने कहा कि जब वह धरने पर बैठते हैं तो सरकार उन्हें टालने के लिए टेंडर की डेट को आगे बढ़ा देती और बाद में टेंडर को रद्द नहीं करती।
उन्होंने इस बार साफ कर दिया है कि बस स्टैंड बंद के दौरान जो बसें अड्डे के अंदर खड़ी हैं, वे अंदर ही रहेंगी और जो बाहर हैं, वे बाहर ही रहेंगी। उन्होंने कहा कि अगली रणनीति को लेकर सेंट्रल बॉडी से जो भी आदेश आएंगे, उनके आधार पर अगला कदम उठाया जायेगा। उन्होंने सरकार को चेताते हुए यह भी कहा कि यह हड़ताल तब तक जारी रहेगी जब तक बीती रात गिरफ्तार किए नेताओं को रिहा नहीं किया जाता।



