
दोआबा न्यूज़लाइन
जालंधर: जालंधर के पटेल अस्पताल द्वारा एसोसिएशन ऑफ़ सर्जन्स ऑफ इंडिया के सहयोग से 6 मई 2026 को पार्क इन बाय रैडिसन में “सर्जिकल एवं नॉन-सर्जिकल गैस्ट्रोएंटरोलॉजी” विषय पर एक सफल कंटीन्यूइंग मेडिकल एजुकेशन (सीएमई ) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अकादमिक कार्यक्रम में जालंधर एवं आसपास के क्षेत्रों से आए सर्जनों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

कार्यक्रम ने गैस्ट्रोएंटरोलॉजी के आधुनिक उपचारों, नई तकनीकों और जटिल मामलों पर ज्ञानवर्धक चर्चा एवं अनुभव साझा करने के लिए एक उत्कृष्ट मंच प्रदान किया। कार्यक्रम में विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा महत्वपूर्ण विषयों पर व्याख्यान प्रस्तुत किए गए:

• डॉ.वरुण गुप्ता ने “थ्रू द स्कोप -रेयर एंड रिमार्केबल एंडोस्कोपी वर्ल्ड” विषय पर व्याख्यान देते हुए दुर्लभ एवं जटिल एंडोस्कोपी मामलों तथा आधुनिक थेराप्यूटिक एंडोस्कोपी तकनीकों की जानकारी साझा की।
• डॉ. अनिरुद्ध गोयल ने “पोस्ट-कोलेसिस्टेक्टॉमी बिले डक्ट इंजरी” विषय पर अपने विचार प्रस्तुत करते हुए आधुनिक सर्जिकल मैनेजमेंट एवं बेहतर उपचार परिणामों पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर जालंधर के पटेल अस्पताल में उपलब्ध गैस्ट्रो एवं लिवर रोगों की जांच एवं उपचार हेतु अत्याधुनिक तकनीकों और डायग्नोस्टिक सुविधाओं की भी जानकारी साझा की गई। अस्पताल में उपलब्ध आधुनिक सुविधाओं में स्पाईग्लास एंडोस्कोपी सिस्टम, मनोमेट्री मशीन, फ़िब्रोस्कैन, कैप्सूल एंडोस्कोपी तथा सी13 यूरिया ब्रेथ टेस्ट (यूबीटी) फॉर एच. पाइलोरी जैसी एडवांस तकनीकें शामिल हैं, जो मरीजों के सटीक निदान एवं बेहतर उपचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
कार्यक्रम में जक्कासी के पदाधिकारी डॉ. नरेन्द्र पॉल, डॉ. असीम गुम्बर तथा डॉ. पुनीत ग्रोवर विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे अकादमिक कार्यक्रम चिकित्सा क्षेत्र में निरंतर ज्ञानवर्धन और आपसी सहयोग को बढ़ावा देते हैं।
इस अवसर पर जालंधर के पटेल अस्पताल के प्रतिनिधियों ने चिकित्सा शिक्षा, नवाचार एवं मल्टी डिसिप्लिनरी हेल्थकेयर को बढ़ावा देने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। कार्यक्रम का समापन इंटरएक्टिव चर्चा सत्र एवं नेटवर्किंग डिनर के साथ हुआ, जिसने चिकित्सा जगत के विशेषज्ञों के बीच आपसी सहयोग को और मजबूत किया।
