दोआबा न्यूज़लाइन
पिता ही निकला साजिश का मुख्य सूत्रधार
जालंधर: जालंधर ग्रामीण पुलिस ने एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क के दिशा-निर्देशों के तहत गंभीर अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत गंभीर आपराधिक मामलों की गहनता से जांच कर उन्हें सुलझाने के लिए सख्त निर्देश जारी किए गए हैं। इन निर्देशों का पालन करते हुए थाना सिटी नकोदर में भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3) और 3(5) के तहत दर्ज मुकदमा नंबर 127 दिनांक 23.07.2026 के गंभीर अपहरण मामले की पुलिस टीम द्वारा पुलिस अधीक्षक (जांच) विनीत अहलावत तथा उप पुलिस अधीक्षक, उप-मंडल नकोदर ओंकार सिंह बराड़ की निगरानी में गहनता से जांच की गई।
जांच के दौरान आधुनिक जांच एवं तकनीकी तरीकों का उपयोग करते हुए पुलिस को कथित रूप से पता चला कि अपहरण की कहानी शिकायतकर्ता द्वारा अपने साथियों के साथ मिलीभगत करके गढ़ी गई थी। पुलिस ने कथित साजिश का पर्दाफाश करते हुए शिकायतकर्ता सहित तीन व्यक्तियों को गिरफ्तार किया तथा कथित रूप से अपहरण किए गए व्यक्ति और घटना में कथित रूप से इस्तेमाल किए गए वाहन को भी बरामद किया।
विवरण देते हुए उप पुलिस अधीक्षक ओंकार सिंह बराड़ ने बताया कि 22.07.2026 को माम हुसैन पुत्र लाल हुसैन, निवासी पट्टी नियावाल, गांव बुंडाला, थाना नूरमहल के साथ सुन्नड़ कलां क्षेत्र में एक ईंट भट्ठे के पास मारपीट की गई थी। इस घटना के बाद माम हुसैन को सिविल अस्पताल नकोदर में भर्ती करवाया गया।
उसी रात सूचना प्राप्त हुई कि माम हुसैन को अज्ञात व्यक्तियों द्वारा सिविल अस्पताल नकोदर से कथित रूप से अपहरण कर लिया गया है। तुरंत कार्रवाई करते हुए थाना सिटी नकोदर के मुख्य अधिकारी द्वारा कानूनी कार्रवाई शुरू की गई और भारतीय न्याय संहिता की धारा 140(3) और 3(5) के तहत मुकदमा नंबर 127 दिनांक 23.07.2026 दर्ज किया गया। इसके बाद जांच उप निरीक्षक दविंदर कुमार द्वारा की गई।
जांच के दौरान आधुनिक जांच एवं तकनीकी तरीकों की सहायता से विभिन्न सुरागों की पड़ताल की गई। जांच में कथित रूप से सामने आया कि माम हुसैन के पिता तथा इस मामले के शिकायतकर्ता लाल हुसैन ने अपने साथियों के साथ मिलकर अपने ही पुत्र के अपहरण की झूठी कहानी गढ़ी थी। उप पुलिस अधीक्षक ओंकार सिंह बराड़ ने आगे बताया कि 23.07.2026 को लगभग 02:00 बजे लाल हुसैन ने स्वयं अपने पुत्र माम हुसैन को पी.बी. 47-ई-9200 नंबर वाली स्विफ्ट कार में बैठाकर अलग-अलग स्थानों पर छिपाकर रखा।
जांच में यह भी सामने आया कि लाल हुसैन ने अपने साथियों की सहायता से कथित रूप से अपहरण किए गए अपने पुत्र की बरामदगी संबंधी बार-बार आवेदन देकर तथा कथित अपहरण के मामले के संबंध में स्वयं पुलिस के समक्ष पेश होकर पुलिस को कथित रूप से गुमराह करना जारी रखा।
गहन जांच करने के बाद जालंधर ग्रामीण पुलिस द्वारा कथित रूप से रची गई अपहरण की साजिश का पर्दाफाश किया गया। कार्रवाई के दौरान शिकायतकर्ता और पिता लाल हुसैन, भाई याकूब अली और दोस्त सैफ 3 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया। घटना में कथित रूप से इस्तेमाल पी.बी. 47-ई-9200 नंबर वाली स्विफ्ट कार को बरामद किया गया तथा माम हुसैन को भी सुरक्षित बरामद कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों से विस्तृत पूछताछ की जा रही है और मामले में आगे की जांच जारी है।